ईरान के नतांज परमाणु केंद्र पर हमला: अमेरिका और इजरायल की बमबारी

 तेहरान

मिडिल ईस्ट में तनाव एक बार फिर चरम पर है. ईरान के सबसे सुरक्षित और संवेदनशील माने जाने वाले नतांज परमाणु केंद्र (Natanz Nuclear Facility) पर एक भीषण हमला हुआ है. खबर है कि अमेरिका-इजरायल ने मिलकर इस साइट पर जबरदस्त बमबारी की है, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया. हालांकि, इस भारी हमले के बीच राहत की एक बड़ी खबर भी सामने आई है। 

ईरानी मीडिया के मुताबिक, इस ताजा हमले में नतांज संवर्धन केंद्र को निशाना बनाया गया है. हमले की तीव्रता इतनी अधिक थी कि इसकी गूंज दूर-दराज के इलाकों तक सुनी गई. लेकिन शुरुआती जांच के बाद ईरानी अधिकारियों ने राहत की सांस ली है, क्योंकि अब तक किसी भी तरह के रेडियोधर्मी पदार्थ (रेडिएशन) के रिसाव की पुष्टि नहीं हुई है. यानी, परमाणु कचरा फैलने जैसा जो सबसे बड़ा डर था, वह फिलहाल टल गया है। 

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ईरानी मीडिया का दावा है कि धमाके के बावजूद आसपास के रिहायशी इलाकों में रहने वाले लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं. सरकार ने इस सैन्य कार्रवाई को अमेरिका-इजरायल के उस निरंतर अभियान का हिस्सा बताया है, जिसका मकसद ईरान के परमाणु कार्यक्रम को रोकना है। 

बार-बार निशाने पर नतांज, पर हर बार बचा पर्यावरण
दरअसल, नतांज परमाणु केंद्र दुश्मनों के लिए हमेशा से टारगेट रहा है. साल 2025 से अब तक इस साइट को कई बार निशाना बनाया जा चुका है. हर बार यहां के ढांचे और मशीनों को नुकसान पहुंचता है, लेकिन गनीमत यह रही है कि अब तक पर्यावरण को कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचा है। 

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आपको बता दें कि पिछले साल जून में इजरायल और ईरान के बीच जो 12 दिनों का भीषण युद्ध चला था, उसमें भी नतांज ही मुख्य टारगेट था. उस समय अमेरिका भी सीधे तौर पर इस संघर्ष का हिस्सा बन गया था. अब एक बार फिर इसी जगह पर बमबारी होना यह संकेत दे रहा है कि आने वाले दिनों में मिडिल ईस्ट के हालात और भी ज्यादा विस्फोटक हो सकते हैं। 

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